बैंक में FD करवाने वालों के लिए बड़ी अपडेट, पैसा डालने से पहले ये बड़े नियम नहीं तो फास जाएगी कमाई
नई दिल्ली :- भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए निवेश करना एक शानदार ऑप्शन है। आज भले ही निवेश के कई विकल्प मौजूद हो, लेकिन अभी भी कई लोगों के लिए भरोसेमंद निवेश के विकल्पों में फिक्स्ड डिपॉजिट (Fixed Deposit) सबसे पसंदीदा है। एफडी में निवेश करने पर गारंटीड रिटर्न (Guaranteed Return) मिलता है। लोगों को लगता है एफडी में निवेश करने पर उनका पैसा 100 फीसदी सुरक्षित रहता है। लेकिन क्या सही में ऐसा है? बैंकों के द्वारा कई ऐसी बातें होती है, जो एफडी के निवेशकों को नहीं बताई जाती।

ये बातें कभी नहीं बताते बैंक
1)आपका कितना पैसा है सुरक्षित
एफडी में निवेश (Investment In FD) करना वैसे तो सुरक्षित ही है, लेकिन यदि किसी बैंक को डिफॉल्टर घोषित कर दिया जाए तो ऐसे मामले में निवेशकों को नुकसान हो सकता है। क्योंकि ऐसी स्थिति में एफडी में निवेश करने वाले निवेशकों के केवल 5 लाख रुपये ही सुरक्षित रहते हैं। DICGC बैंक डिपॉजिट पांच लाख रुपये तक की ही इंश्योरेंस की गारंटी दी जाती है। इस बात का भी आपको ध्यान रखना चाहिए कि ये पांच लाख रुपये की गारंटी केवल एफडी के पैसे की ही नहीं बल्कि उस बैंक में आपके नाम से जमा बचत खता, करंट खाता या आरडी खाते में जमा राशि भी शामिल है। यानी सभी को मिलकर पांच लाख रुपये तक की गारंटी मिलेगी। इससे ज्यादा रकम होने पर आपका पैसा डूब जाता है।
2) ब्याज पर देना होगा टैक्स
इनकम टैक्स रिटर्न फाइल (ITR File)करने के दौरान आपको एफडी पर मिले ब्याज पर भी टैक्स चुकाना पड़ता है। हालांकि एफडी के अलावा भी ऐसी कई योजनाएं हैं, जिनमें निवेश करने पर मिले ब्याज पर कोई टैक्स नहीं लगता।
3) एफडी से मिले ब्याज पर हो सकता है नुकसान
एफडी में निवेश करने पर पूरी अवधि में एक जैसा ही ब्याज मिलता है। ऐसे में यदि आप लॉन्ग टर्म में एफडी में निवेश करते हैं तो उसमें आपको नुकसान हो सकता है। यदि बाद में बैंक के द्वारा एफडी पर ब्याज दर बधाई भी गई तो भी उसका आपको कई बार लाभ नहीं मिलता।
4) भरनी पड़ सकती है पेनाल्टी
एफडी में निवेश एक निश्चित अवधि के लिए किया जाता है। यदि उसके पहले पैसे निकाले गए तो आपको पेनाल्टी का भुगतान करना पड़ सकता है। सभी बैंकों में पेनाल्टी अलग-अलग हो सकती है।
निवेश के अन्य कई विकल्प हैं मौजूद
एफडी में निवेश (investment in FD)को सुरक्षित माना जाता है जब तक बैंक डिफॉल्ट नहीं होता। लेकिन निवेश से पहले आपको मार्केट में मौजूद अन्य निवेश के विकल्पों की जानकारी होनी चाहिए। जैसे म्यूचुअल फंड, जिसमें निवेश करने पर निवेशकों को 12 से 20 प्रतिशत सालाना का भी रिटर्न मिल सकता है।
