Haryana Police: हरियाणा पुलिस को बड़ी राहत, अब शहीद होने पर परिवार को मिलेंगे एक करोड़ रुपये
चंडीगढ़ :- पुलिसकर्मी हमेशा से ही नागरिक सुरक्षा का अहम भाग रहे हैं. चौबीसों घंटे पुलिसकर्मी नागरिकों की सेवा में उपस्थित रहते हैं. बहुत बार बदमाशो को काबू में करते- करते उनके साथ बड़े बड़े हादसे तक हो जाते हैं. यदि Police कर्मी के साथ किसी कारण से कोई हादसा हो जाता है तो हरियाणा सरकार के द्वारा ऐसे पुलिसकर्मियों (Haryana Police) को आर्थिक सहायता के रूप में मुआवजा राशि प्रदान की जाती है. प्रत्येक घटना के लिए अलग- अलग मुआवजा राशि दी जाती है. पहले पुलिसकर्मी की हादसे में मौत होने पर 50 लाख की राशि दी जाती थी परंतुु अब इसके स्थान पर 90 लाख रुपए दिए जाएंगे.

HDFC बैंकों में खुलवाए गए पुलिस कर्मियों के खाते
पुलिस में भर्ती होते ही हरियाणा पुलिस विभाग के द्वारा पुलिसकर्मियों के खाते HDFC बैंक में खुलवा दिए जाते हैं. हरियाणा पुलिस और HDFC बैंक के बीच दुर्घटना मृत्यु बीमा समझौते के तहत यह आर्थिक सहायता दी जाती है. इसके अलावा बैंक के द्वारा सैलरी Account पर भी बीमा दिया जाता है. हरियाणा में लगभग 75,000 पुलिसकर्मी कार्यरत है. बहुत बार यह पुलिसकर्मी बदमाशो को काबू करते- करते स्वयं भी घायल हो जाते है. आप ये लेख KhabriExpress.in पर पढ़ रहे है. आपकी इस पोस्ट के बारे मे क्या राय है मुझे कॉमेंट बॉक्स मे जरूर बताएं.
कारण प्रारंभ राशि वर्तमान में राशि
- शहीद होने पर 65 लाख एक करोड़
- प्राकृतिक मौत 4 लाख 5 लाख
- हादसे में मौत 50 लाख 90 लाख
- पूर्ण विकलांगता 40 लाख 90 लाख
बढ़ी दरें आगामी 3 वर्षों तक लागू
जानकारी के लिए बता दें कि सरकार के द्वारा पुलिसकर्मी की मृत्यु पर तो मुआवजा राशि दी ही जाती है, इसके अलावा पुलिसकर्मी की पूर्ण विकलांगता पर भी मुआवजे के रूप में राशि दी जाती है. पहले यह राशि 40 लाख रूपये थी परंतु अब इसे बढ़ाकर 90 लाख रूपये कर दिया गया है. इसके अलावा पुलिसकर्मी की मौत पर 90 लाख रुपए के साथ- साथ उसके बच्चों की पढ़ाई के लिए 5 लाख रूपये तक दिए जाएंगे. मुआवजे की बदली हुई दरे अगले 3 वर्ष तक लागू रहेंगी. इस संबंध में हरियाणा पुलिस के वेलफेयर AIG राजीव देशवाल ने सभी SP और पुलिस अकादमियों को पत्र भेजा है.
अनुबंध पर लगे कर्मचारियों की मुआवजा राशि में भी वृद्धि
इसके अलावा इस बीमा योजना के अंतर्गत SPO और अनुबंध पर लगे कर्मचारियों के परिवारों को मिलने वाले मुआवजे की राशि में भी वृद्धि की गई है. प्रारंभ में अनुबंध आधार पर लगे कर्मचारियों की मौत पर 15 लाख रुपए दिए जाते थे, जोकि बढ़ाकर 50 लाख रूपये कर दिए गए हैं. इसके अलावा पहले कर्मचारियों को प्राकृतिक मौत पर कोई मुआवजा नहीं दिया जाता था, परंतु अब 3.25 लाख रुपये मुआवजे का प्रावधान किया गया है.

