बिजली विभाग करने जा रहा है अहम बदलाव, अब इतने महिने में आएगा बिजली बिल
चंडीगढ़:- प्रत्येक व्यक्ति के जीवन शैली में बिजली एक अहम रोल निभाती है। सभी लोग बिजली का इस्तेमाल करते हैं। अगर आप भी बिजली का इस्तेमाल करते हैं तो आपके लिए यह जानकारी बहुत ही महत्वपूर्ण होने वाला है। आपको बता दे की निजी संस्थान के द्वारा मीटर रीडर के साथ एक विभागीय कर्मचारियों को 2 महीने में एक बार उपभोक्ताओं को सही रिपोर्टिंग के साथ बिलिंग सुरक्षित करने के लिए लगवाए जाएंगे।

बता दे कि ग्रामीण क्षेत्र में बिजली Electricity सप्लाई का प्रभाव मुख्य रूप से रीडिंग मीटर और उपभोक्ताओं के बिलिंग में समस्याओं का कारण होता है। और बारिश आने पर प्राकृतिक खतरों का बचाओ से होता है। ऐसे में निजी संस्थान के तरफ से मीटर रीडर के साथ एक विभागीय कर्मचारियों को 2 महीने में एक बार प्रत्येक उपभोक्ताओं को सही रिपोर्टिंग के साथ ही बिलिंग की सुरक्षित करने के लिए लगाए जाएंगे।
दो महीना का बिलिंग सिस्टम का विश्लेषण
Electricity News : बता दे कि ग्रामीण क्षेत्र में बिजली उपभोक्ताओं को मासिक बिलिंग व्यवहारिक समस्याओं के प्रमुख वजह होता है। ऐसे में बिजली की सही रीडिंग प्राप्त करने के लिए दूर-दूर के गांव से मुश्किल होता जाता है। उपभोक्ताओं को सही बिल नहीं मिल पाता है ऐसे में इस समस्या का हल करने के लिए बिलिंग प्रणाली को हर महीने के जगह पर 2 महीने में बदल दिया जाएगा।
2 महीना बिलिंग के फायदे
2 महीने के बिलिंग प्रणाली से एक निजी संस्थान के मीटर रीडर को शामिल किया जा सकता है। जिससे कि प्रत्येक ग्राहक की सही रीडिंग सुनिश्चित हो सके उपभोक्ताओं को सही बिलिंग मिल सके और शिकायत का सही समय पर निपटारा हो सके।
ग्रामीण क्षेत्र में जीपीएस मैपिंग
बता दे की बिलिंग के दायरे में हर उपभोक्ताओं को शामिल करने के लिए जीपीएस मैपिंग का अभ्यास शुरू किया जा सकता है। इससे पता चलता है कि ग्राहक कहां रहते हैं और बिल्डिंग सुरक्षित है या फिर नहीं।
स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया
बता दे कि शीघ्र ही सभी कलेक्शन में स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया को शुरू कर दिया जाएगा। जिसकी रीडिंग व्यवस्था में सुधार हो सके और उपभोक्ताओं को बिलिंग में सही जानकारी मिल सके।

