Haryana Weather News: हरियाणा में फिर बन रही है झमाझम बारिश की संभावना, जून के पहले हफ्ते में ऐसा रहेगा मौसम
Haryana Weather News :- पिछले वर्षों के मुकाबले मौसम का मिजाज इस बार बदला हुआ है. मई के महीने में इन दिनों भयंकर गर्मी होती है लेकिन इस बार मौसम सुहावना बना हुआ है. पिछले दो महीनों से पश्चिमी विक्षोभ के बार-बार Active होने से इस बार मौसम पिछले सालों की अपेक्षा बिल्कुल उलट है. हर तीन-चार दिन के बाद पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय होने के कारण हल्की बूंदाबांदी हो रही है.

आज और कल बारिश की संभावना
संभावना जताई जा रही है कि एक जून तक पश्चिमी- दक्षिणी क्षेत्रों में हवाएं चलेंगी व बूंदाबांदी होगी. 1 जून के बाद Temperature बढ़ेगा जिससे गर्मी भी तेज़ होगी. हालांकि आज और कल बारिश आना पूर्ण रूप से संभावित है. आमतौर पर Haryana में हमेशा 25 May से नौतपा शुरू हो जाता है जिस दौरान 9 दिनों में भयंकर गर्मी रहती है लेकिन इस बार Weather का रुख बदला हुआ है. गर्मी होना तो दूर की बात बल्कि हर रोज बारिश हो रही है. इन दिनों अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 20 से 22 Degree Celsius के बीच देखा जा रहा है.
मई की अपेक्षा जून महीना होगा गर्म
मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों में एक पश्चिमी विक्षोभ के Active होने से बारिश के आसार बन रहे है. इसके अतिरिक्त 30 मई से एक जून के दौरान भी उत्तर-पश्चिमी व दक्षिणी क्षेत्रों में हवाएं चलने से कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. May महीने में गर्मी ने लोगों को परेशान नहीं किया लेकिन आने वाला महीना गर्म रहने वाला है. पिछले सालों की बात करें तो मई में तापमान 40 डिग्री से ऊपर ही बना रहता है. ऐसा पहली बार है कि मई में तापमान 10 डिग्री तक कम देखा गया. इस दौरान 40 mm बारिश दर्ज की गई जो गत वर्ष से 40 फीसदी अधिक है.
बारिश से धान उत्पादक किसानों के चेहरे खिले
सामान्य तौर पर मई में 15 से 20 MM ही बारिश Record होती है. मौसम वैज्ञानिकों की माने तो 1 जून से धीरे-धीरे तापमान में वृद्धि होने लगेगी. बारिश होने से धान उगाने वाले किसानों के चेहरे खिल गए हैं. ऐसा इसलिए है क्योंकि समय से पहले आई बारिश से उनकी जमीन धान की बिजाई के लिए पूरी तरह तैयार हो गई है. आमतौर पर मई में किसानों को धान बिजाई से पहले सिंचाई करनी पड़ती है. इस बार किसानों को अभी तक सिंचाई नहीं करनी पड़ी है. हालांकि नरमा की अगेती फसल की बिज़ाई हो चुकी है.

