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इतने सिबिल स्कोर वालों की लगेगी लाटरी, बैंक बुला कर देंगे सस्ते से सस्ता लोन

नई दिल्ली :- आज के समय में लोन लेना आम बात हो गई है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपका CIBIL स्कोर यह तय करता है कि आपको सस्ता लोन मिलेगा या नहीं? अगर आपका क्रेडिट स्कोर अच्छा है, तो बैंक आपको कम ब्याज दर पर लोन देगा। वहीं, खराब स्कोर होने पर लोन मिलना मुश्किल हो सकता है। इस लेख में हम आपको बताएंगे कि CIBIL स्कोर क्या होता है, यह क्यों जरूरी है और इसे कैसे सुधार सकते हैं।

Business Ideas in Hindi
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CIBIL स्कोर क्या होता है?

CIBIL स्कोर एक तीन अंकों की संख्या होती है, जो आपकी क्रेडिट हिस्ट्री को दर्शाती है। यह स्कोर 300 से 900 के बीच होता है। 700 या उससे अधिक स्कोर को अच्छा माना जाता है, जिससे लोन मिलने की संभावना बढ़ जाती है। क्रेडिट स्कोर के अनुसार रेटिंग इस प्रकार होती है – 800 से 850 तक बहुत अच्छा, 740 से 799 अति उत्तम, 670 से 739 ठीक, 580 से 699 सही और 300 से 579 बहुत बुरा।

CIBIL स्कोर क्यों जरूरी है?

बैंक और वित्तीय संस्थान लोन देने से पहले हमेशा उम्मीदवार का CIBIL स्कोर चेक करते हैं। एक अच्छा स्कोर होने से कम ब्याज दर पर लोन मिलता है, लोन जल्दी स्वीकृत होता है, बड़े लोन की मंजूरी आसानी से मिलती है और क्रेडिट कार्ड पर अधिक लिमिट मिलती है। वहीं, कम स्कोर होने पर लोन मिलने में देरी हो सकती है और लोन की राशि कम हो सकती है।

CIBIL स्कोर कम क्यों होता है?

अगर आप समय पर कर्ज नहीं चुकाते या लोन की लिमिट से ज्यादा उधार लेते हैं, तो क्रेडिट स्कोर कम हो सकता है। समय पर EMI का भुगतान न करना, अधिक लोन लेना, लोन के गारंटर बनना और चूक होना, बार-बार लोन के लिए आवेदन करना और पुराने क्रेडिट कार्ड बंद करना भी स्कोर को गिरा सकता है।

CIBIL स्कोर सुधारने के तरीके

अगर आपका क्रेडिट स्कोर खराब है, तो इसे सुधारने के लिए EMI और क्रेडिट कार्ड बिल समय पर चुकाएं, बिना जरूरत के लोन लेने से बचें, क्रेडिट कार्ड का सही इस्तेमाल करें, पुराने क्रेडिट कार्ड को बंद न करें और समय-समय पर अपना CIBIL स्कोर चेक करें। कम लोन-टू-वैल्यू रेश्यो बनाए रखना भी फायदेमंद होता है।

कैसे मिलेगा सस्ता लोन?

अगर आप सस्ते ब्याज दर पर लोन चाहते हैं, तो अच्छी क्रेडिट रेटिंग रखें, लोन लेने से पहले ब्याज दरों की तुलना करें, प्रोमोशनल ऑफर्स की पूरी जानकारी लें, आय के अनुसार EMI तय करें और फिक्स्ड ऑब्लिगेशन टू इनकम रेश्यो का ध्यान रखें।

ज्वाइंट होम लोन से लाभ

अगर आप होम लोन लेना चाहते हैं, तो को-एप्लिकेंट (सह-आवेदक) के साथ लोन लें। इससे लोन मिलने की संभावना बढ़ जाती है और आप टैक्स में छूट भी पा सकते हैं। सह-आवेदक की स्थायी आय और अच्छा CIBIL स्कोर होना चाहिए। ज्वाइंट लोन पर इनकम टैक्स बेनेफिट मिलता है और बैंक लोन मंजूरी की संभावना बढ़ जाती है।

अगर आप कम ब्याज दर पर लोन लेना चाहते हैं, तो अच्छा CIBIL स्कोर बनाए रखना जरूरी है। समय पर EMI चुकाएं, बिना जरूरत के लोन लेने से बचें और नियमित रूप से CIBIL स्कोर चेक करें। एक अच्छा क्रेडिट स्कोर न सिर्फ आपको आसानी से लोन दिलाएगा बल्कि आपकी वित्तीय स्थिति भी मजबूत करेगा।

Author Deepika Bhardwaj

नमस्कार मेरा नाम दीपिका भारद्वाज है. मैं 2022 से खबरी एक्सप्रेस पर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रही हूं. मैंने कॉमर्स में मास्टर डिग्री की है. मेरा उद्देश्य है कि हरियाणा की प्रत्येक न्यूज़ आप लोगों तक जल्द से जल्द पहुंच जाए. मैं हमेशा प्रयास करती हूं कि खबर को सरल शब्दों में लिखूँ ताकि पाठकों को इसे समझने में कोई भी परेशानी न हो और उन्हें पूरी जानकारी प्राप्त हो. विशेषकर मैं जॉब से संबंधित खबरें आप लोगों तक पहुंचाती हूँ जिससे रोजगार के अवसर प्राप्त होते हैं.

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